Ikraam Rajasthani

जन्म: 8 जुलाई, 1946 हिन्दी, उर्दू, राजस्थानी तीनों भाषाओं में अधिकारपूर्वक लेखन। आकाशवाणी केन्द्र निदेशक (पूर्व) एच.एम.वी. यूकी. सुपर कैसेट्स, वैस्टन में हज़ारों गीतों के कैसेट्स और ई.पी.एल.पी. रिकार्ड्स/आकाशवाणी और ‘विविध भारती’ से हज़ारों नाटक,झलकियाँ, गीत और कहानियाँ प्रसारित। आकाशवाणी के मान्यता प्राप्त गायक, गीतकार, समाचार वाचक, लोक गायक और कमेंटेटर। राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय पत्र-पत्रिकाओं में रचनाएँ निरन्तर प्रकाशित होती रहती हैं। राजस्थानी, हिन्दी फ़िल्मों में गायन, अभिनय, गीत एवं संवाद लेखन। बी.बी.सी. से साक्षात्कार एवं रचनाओं का प्रसारण। राष्ट्रीय स्तर के लोकप्रिय मंच संचालक, कवि, गीतकार, साहित्यकार। प्रकाशित पुस्तकें: तारां छाई रात, पल्लो लटके, गीतां री रमझोल,शबदां री सीख, खुले पंख, पैगम्बरों की कथाएँ, शर्म आती है मगर, गाता जाये बंजारा, दर्द के रंग, सुनो पेड़ की गाथा, एक है अपना हिन्दुस्तान, अक्षर देते सीख, इस सदी का आखरी पन्ना,लोकप्रिय नेता कैसे बनें। हज़रत शेख सादी के ‘गुलिस्तां’ का राजस्थानी भाषा में प्रथम काव्यानुवाद, टैगोर की ‘गीतांजलि’ का राजस्थानी में काव्यानुवाद (अंजली गीतां री), हरिवंश राय बच्चन की ‘मधुशाला’ का राजस्थानी रूपान्तरण। प्रकाश पथ: कुरान शरीफ़ का राजस्थानी, हिन्दी भाषा में भावानुवाद करने वाले विश्व के प्रथम कवि। प्रकाश्य: श्रीमद्भगवद्गीता और उपनिषद् का राजस्थानी काव्यानुवाद। सम्मान: ‘लोकमान’ उपाधि से विभूषित लासा कौल, राष्ट्रीय एकता पुरस्कार, महाकवि बिहारी पुरस्कार, राष्ट्र रत्न, वाणी रत्न, तुलसी रत्न, समाज रत्न तथा अनेक प्रतिष्ठित सम्मान।

Ikraam Rajasthani